मजबूरी ! दिलवालों की दिल्ली में कुत्तों के श्मशान में हो रहा इंसानों का अंतिम संस्कार
दिल्ली में कोरोना से हालात बद से बदतर हो चले हैं।
नई दिल्ली: कोरोना वायरस से दिल्ली में हालात इतने बेकाबू हो चुके हैं कि अब तो श्मशान में लाशों को जलाने के लिए जगह ही नहीं बची हुई है। मजबूरन इंसानों का अंतिम संस्कार अब पशुओं के श्मशान घाट में किया किया जा रहा है। आपको जानकर हैरानी होगी कि अब दिलवालों की दिल्ली में नौबत यहां तक आ गई है कि अब कुत्तों के श्मशान घाटों पर इंसानों के अंतिम संस्कार का इंतज़ाम किया जा रहा है।

दिल्ली में हर रोज़ कोरोना से मरने वालों का रिकार्ड टूट रहा है। हालात इतने ख़राब हो चुके हैं कि श्मशान घाट पूरी तरह से भरे हुए है। दिल्ली के हर श्मशान घाट पर 5-6 घंटे का वेटिंग है, श्मशान घाटों पर भारी दबाव को देखते हुए दक्षिणी दिल्ली नगर निगम ने द्वारका के कुत्ता श्मशान घाट को इंसानों के श्मशान घाट में तब्दील करने का फ़ैसला किया है।
बता दें कि यहां पर कुल 50 पल्टेफॉर्म बनाए जा रहे हैं। चिता जलाने ले लिए लकड़ियां भी इकट्ठा की जा रही हैं। वहीं, दिल्ली के सरकारी आंकड़ों में जितनी मौतें बताई जा रही हैं, हक़ीक़त उससे काफी अलग है। श्मशानों में जितने शव पहुंच रहे हैं, वो सरकारी आंकड़ों से काफ़ी ज़्यादा हैं। बताया जा रहा है कि आने वाले दिनों में मौत का आंकड़ा और ऊपर जाने की आशंका है। ऐसे में श्मशानों की क्षमता बढ़ाई जा रही है।